​​उम्र मेरे लिए ​सिर्फ नंबरों का खेल है: माधुरी दीक्षित

​​उम्र मेरे लिए ​सिर्फ नंबरों का खेल है: माधुरी दीक्षित
​80 से 90 के दशक में अपने अभिनय और सुंदरता से सिने-जगत पर राज करने वाली माधुरी का कहना हैं कि वह इस बात से इक्तेफाक नहीं रखती कि उम्र बढ़ने से लोकप्रियता कम हो जाती हैं वह इसे सिर्फ संख्या के समान ही समझती है।

​वह कहती है, "उम्र मेरे लिए सिर्फ एक संख्या के समान है। प्रतिभा हर उम्र में एक समान होती है चाहे आप 10, 20 या 100 के हों। मेरा मानना है कि उम्र के साथ यह और निखरती जाती है। ​वह ​अभिनेत्रियों की शादी शुदा अभिनेत्रियों को लेकर धारणा को नहीं मानती।​" ​साथ ही वह यह भी कहती है, "शर्मीला टैगोर, राखी जी ने शादी के बाद भी काम किया। हां, ये सच है कि इनमें कुछ ने इससे दूरी बना ली और वह उनका खुद का फैसला था। कई ऐसी अभिनेत्रियां हैं जिन्होंने काम किया। ​" ​माधुरी की भी श्रीराम नैने से शादी के बाद करियर की दूसरी पारी है। ​जिसमें वह काफी मेहनत और लगन से दोबारा से लोकप्रियता बटौर रही है।

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