मैं शादी के खिलाफ नहीं हूँ: अभय देओल

मैं शादी के खिलाफ नहीं हूँ: अभय देओल
अभय देओल आजकल अपनी फ़िल्म 'वन बाय टू' के प्रोमोशन में व्यस्त है, जो ​कि आने वाली 31 जनवरी को रिलीज हो रही है। इसी फ़िल्म में उनकी गर्लफ्रेंड प्रीती देसाई भी दिखेंगी। जब अभय से उनके प्रेमसंबंधों के बारे में सवाल किये गये तो उन्होंने शादी के बारे में अपनी राय रखते हुए कहा कि वह शादी को एक सांस्कृतिक घटना के तौर पर देखते हैं ना कि एक प्राकृतिक घटना के तौर पर।

​अभय कहते है, ​"मैं शादी का विरोधी नहीं हूँ। मैं शादी को एक सांस्कृतिक घटना के तौर पर देखता हूँ एक प्राकृतिक घटना के तौर पर नही। मुझे नहीं लगता कि एक पेपर पर हस्ताक्षर कर के उस से ज्यादा कमिटिड हो जाऊँगा, जितना मैं आज हूँ। चाहे मैं शादीशुदा हूँ या नहीं। अगर मैं आपके साथ हूँ तो मैं कमिटिड हूँ। यह कभी बदलेगा नहीं। ​

​ ​वहीं अभय शादी के क़ानूनी होने की वजह को कुछ इस तरह से परिभाषित करते है, "​शादी करना तलाक लेने से बहुत आसान है। शादी का सेंस सिर्फ अपनी प्रॉपर्टी को तेज करने का एक तरीका है। आपके बच्चे को नाम विरासत में मिलता हैं और ये सभी क़ानूनी कारण हैं शादी करने के, इसके अलावा प्यार करने का कोई कारण नहीं है। ​

​ ​वह आगे कहते है, ​"मैं कह सकता हूँ कि शादी होने दो क्योंकि मैं कठोर नहीं हूँ। मैं हर पल को जीता हूँ। ये मेरे विचार हैं और यह हर एक व्यक्ति पर अलग-अलग निर्भर करते है। किसी को भी इस बात से प्रभावित नहीं होना चाहिए कि मैंने क्या कहा। ​

​ ​अभय ने ​"हम सभी में एक चीज हैं जो एक जैसी हैं और वह हैं मानवता। मैं उन तत्वों पर यकीन नहीं करता जिन्हें मानवों ने परिभाषित किया है। लेकिन मैंने कुछ अपने लिए नियम बनाए हैं और मैं उन्ही पर ही चलता हूँ। ​

​ ​एक ही प्रोफेशन में होने वाले कपल के बारे में अभय ने कहा, ​"मुझे लगता हैं कि दो लोगों के बीच जिनका प्रोफेसन एक ही हो उन्हें अपने अच्छे और बुरे हिस्से को खुद मिलकर संभालना चाहिए। आसान काम यह हैं जब आपको पता होता हैं कि अभिनेता के तौर पर आपको प्रोग्राम कैसे बनाना है। इसमें यात्रा बहुत करनी पड़ती है। इसीलिए इसमें आपकी ही समझदारी है। लेकिन साथ ही इसमें कुछ नुकसान भी है। ​

​ "हर किसी को एक रिश्ते में पड़ना चाहिए। हम भी दूसरे कपल की तरह ही कपल की तरह लड़ते हैं और फिर एक हो जाते है। यही रिश्ते की ख़ूबसूरती है।

End of content

No more pages to load