अपनी पहली ही फिल्म 'दम लगाके हईशा' से वाहवाही लूट रहीं नवोदित अभिनेत्री भूमि पेदनेकर कहती हैं कि जब तक एक लड़की अपने आप में आत्मविश्वास से लबरेज है, तब तक उसके मोटे या पतले होने से फर्क नहीं पड़ता।
भूमि ने बताया, ''मोटे या पतले होने से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण आत्मविश्वासी और सहज होना है। आजकल की लड़कियां स्वयं को भूखी मारने वालों में से नहीं हैं। फिर चाहे वे थुलथुली हों या मोटी। वे अपने शरीर को लेकर सहज हैं।'' शरत कटारिया निर्देशित 'दम लगाके हईशा'' में भूमि एक मोटी लड़की की भूमिका में हैं। फिल्म में उनकी जोड़ी आयुष्मान खुराना के साथ है।
भूमि ने बताया कि यश राज फिल्म्स (वाईआरएफ) की कास्टिंग निर्देशक शानू शर्मा ने ही उन्हें अभिनय करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा, "मैं कई वर्षो से यश राज फिल्म्स के साथ काम कर रही हूं। यह उनके लिए कास्टिंग करते हुए मेरा छठा साल है। शानू बहुत बड़ी प्रेरणा हैं। उन्होंने हमेशा कहा कि मुझे अभिनय करना चाहिए। मैं शुरुआत में बहुत शर्मिली थी, लेकिन यह ऐसे ही हो गया।"
मोटे, पतले से फर्क नहीं पड़ता: भूमि
Wednesday, March 11, 2015 15:43 IST



