जीवन की पूर्णता की चुकाई कीमत में गलतियाँ भी एक अंश है।
जीवन में अपने आप के सुधार (शारीरिक और मानसिक, दोनों) को पहली प्राथमिकता दें।
पूरा जीवन एक अनुभव है। आप जितने अधिक प्रयोग करते हैं, उतना ही इसे बेहतर बनाते हैं।
जीवन में अपने आप के सुधार (शारीरिक और मानसिक, दोनों) को पहली प्राथमिकता दें।
बेहतर उपदेश आप अपने होंठों के बजाय अपने जीवन से दे सकते हैं।
हमारी नित्य की दिनचर्या में हम भूल जाते हैं कि हमारा जीवन तो एक अविरत अद्भुत अनुभव है।
चुनौतियां जीवन को अधिक रुचिकर बनाती है; और उन्हें दूर करना जीवन को अर्थपूर्ण बनाता है।
जीवन में मानव का मुख्य कार्य स्वयं का सृजन करना है, वह बनना जिसकी उसमें संभाव्यता है। उसके प्रयास का सबसे महत्वपूर्ण उत्पाद उसका स्वयं का व्यक्तित्व होता है।
जीवन में दो मूलभूत विकल्प होते हैं- या तो परिस्थितियों को जैसी हैं वैसा ही स्वीकार करें, अथवा उन्हें बदलने का उत्तरदायित्व स्वीकार करें।
जीवन को गाड़ी के सामने के काँच से देखें, पीछे देखने के दर्पण में नहीं।



