एक साकारत्मक सोच वाला व्यक्ति अदृश्य को देख लेता है, अमूर्त को महसूस करता है और असंभव को पा लेता है।
वास्तव में आशा सभी बुराइयों में सबसे बुरी है क्योंकि वो मानव के कष्ट को लम्बा खींचती है!
हम सभी अपने अनुभवों के लिए खुद जिम्मेदार हैं!
गलती करना मानवीय है, क्षमा करना ईश्वरीय!
बुढापे में कायरता के लिए कोई जगह नहीं है!
यदि आप अपने दुश्मन के साथ शांति चाहते हैं तो आपको उसके साथ काम करना होगा! तब वो आपका साथी बन जाएगा।
हर असफलता में कुछ अच्छाई छिपी होती है! वो अभी नहीं दिखेगी! समय उसे दिखायेगा! धैर्य रखो!
जो नहीं है उसकी इच्छा करके जो है उसे मत बर्बाद करिए!
कोई आदमी अपने बारे में जो सोचता है; उसी से उसकी तक़दीर तय होती है, या उसके भाग्य क़े बारे में संकेत मिलता है!
भरोसा सच के साथ शुरू होता है औए सच के साथ ख़त्म!



