"बच्चे है ये ही शैतानी नहीं करेंगे तो कौन करेगा?" ये बात केवल मेहमान के बच्चों के लिए ही कही जाती है और वो भी केवल मेहमान के सामने!
मन में हमेशा लड्डू क्यों फूटते? जलेबी समोसा क्यों नहीं फूटते!
ये आईफोन वालों की पैंट में जेब नहीं होती क्या? हमेशा हाथ में लेकर घुमते रहते हैं!
पेट्रोल तो यूँ ही बदनाम हो गया है, भाव तुम्हारे भी कौन से कम हैं?
कुटिल वचन सबतें बुरा, जारि करै सब छार। साधु वचन जल रूप है, बरसै अमृत धार।। कबीरदास जी कहते हैं कि कटु वचन बहुत बुरे होते हैं और उनकी वजह से पूरा बदन जलने लगता है। जबकि मधुर वचन शीतल जल की तरह हैं और जब बोले जाते हैं तो ऐसा लगता है कि अमृत बरस रहा है। कबीरदास जयंती की शुभकामनायें!
प्रेम-प्रेम सब कोइ कहैं, प्रेम न चीन्है कोय। जा मारग साहिब मिलै, प्रेम कहावै सोय॥ कबीरदास जी कहते हैं कि प्रेम करने की बात तो सभी करते हैं पर उसके वास्तविक रूप को कोई समझ नहीं पाता। प्रेम का सच्चा मार्ग तो वही है जहां परमात्मा की भक्ति और ज्ञान प्राप्त हो सके। कबीरदास जयंती की शुभकामनायें!
मंदी की हद तो तब हो गयी जब सुलभ शौचालय वाले ने कहा, "बहुत दिनों बाद आये हो भइया, आज कल कुछ खाते-पीते नहीं क्या?"
वहाँ रोनाल्डो कोल्डड्रिंक को किनारे करके पानी पीने की सलाह दे रहे हैं! यहाँ हमारे कलाकार, गुटखे में केसर खिला रहे हैं!
रोनाल्डो ने तो आज कोल्डड्रिंक को साइड करके पानी को प्राथमिकता दी है मैं तो इतने सालों से कोल्डड्रिंक की जगह पानी डालकर पैग पी रहा हूँ लेकिन ये किसी ने नहीं बताया! #बिकाऊमीडिया
पहला दोस्त: क्या हुआ भाई परेशान क्यों हो? दूसरा दोस्त: शादी से पहले भगवान से माँगा था कि अच्छा 'पकाने' वाली देना! पहला दोस्त: तो? दूसरा दोस्त: बस खाना बोलना भूल गया था!



