पहले थक कर सो जाते थे,
अब लॉकडाउन में सो कर थक गए हैं!
लाखों लोग कोरोना की वजह से मर गए, लेकिन किसी एक ने भी भूत बन कर जिनपिंग का गला नहीं पकड़ा!
मेरा तो भूत बिरादरी से भरोसा ही उठ गया है!
लोग कहते हैं दयालु बनो! उन्हें क्या पता मैं तो बचपन से ही दयालु हूँ!
कल ही एक बच्चे की चिप्स खाने में मदद की! ख़ुशी के मारे उसके आँसू नहीं थम रहे थे!
दो क्लास पीछे थी वो मुझ से;
आज एक पति और दो बच्चों के साथ मुझ से आगे है!
इस देश में आये दिन कुछ ना कुछ बैन होता रहता है!
कभी-कभी तो ऐसा लगता है कि हम सब अब घरों में बैठकर आदिमानव की तरह बस अब दीवारों पे चित्रकारी ही करेंगे!
आज फेसबुक बंद होने वाला था लेकिन किसी ने इसका ढक्कन छुपा दिया इसलिए अभी भी खुला है!
सुख और दुःख जीवन के रंग है,
सब सही है अगर श्रद्धा संग है,
भगवान बुद्ध के ध्यान में मलंग हैं!
बुद्ध पूर्णिमा की शुभकामनायें!
सच का साथ देते रहो,
अच्छा सोचो अच्छा कहो,
प्रेम धारा बनके बहो,
आपके लिए बुद्ध पूर्णिमा शुभ हो!
बुद्ध पूर्णिमा की शुभकामनायें!
आज का ज्ञान: दारु पीते वक़्त शुरुआत में आप नमकीन को चम्मच से खा सकते हैं, लेकिन दो पैग पीने के बाद नमकीन को हाथ से खाने का ही मज़ा है!
सारी ज़िन्दगी लगा दी बॉडी बनाने में, अब पता चला कि एंटी-बॉडी बनानी थी!



