पहले लोग दरवाज़ा खटखटाते थे और भाग जाते थे! अब मैसेज भेजते हैं और फिर डिलीट कर देते हैं! हरकत वही, सोच नयी!
आज का ज्ञान: जब बंदे को UPSC का भूत चढ़ता है तो सबसे पहले दोस्तों और WhatsApp से रिश्ता तोड़ता है!
बचपन में पैसा नहीं था लेकिन सुकून बहुत था! खैर पैसा तो अब भी नहीं है लेकिन सुकून भी चला गया!
प्रकृति के साथ तो खिलवाड़ उसी दिन हो गया था, जब ये गाना बना था, "तूने काजल लगाया, दिन में रात हो गयी!"
जो पूरे बदन को महका दे उसे इत्र कहते हैं! और जो इज़्ज़त की धज्जियाँ उदा दे उसे मित्र कहते हैं!
आज अपने क्रश को प्रोपोज़ कर दो अगर मान गयी तो ठीक नहीं तो अप्रैल फूल बोल देना!
जितना सब्र मैंने किया है मुझे लगता है कि मुझे फल नहीं फ्रूट सलाद मिलना चाहिए!
ज़िन्दगी तो पहले ही मज़ाक बन चुकी है फिर किस बात का अप्रैल फूल डे!
आज सभी लोग एक-एक पेड़ लगायें! अप्रैल फूल नहीं अप्रैल कूल करें!
आज का ज्ञान:
तीन चीज़ें कभी भी फिसल सकती हैं!
समय, साबुन और आम की गुठली!



